केदारनाथ–बद्रीनाथ धाम का नया स्वरूप आकार ले रहा; ₹481 करोड़ के मास्टरप्लान पर पीएम मोदी की सीधी निगरानी, उत्तराखंड सरकार ने तेज की रफ्तार

चमोली न्यूज़- काशी विश्वनाथ, उज्जैन महाकालेश्वर और अयोध्या श्रीराम मंदिर की तर्ज पर अब उत्तराखंड के बाबा केदारनाथ धाम और श्री बद्रीनाथ धाम को भी भव्य और आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में बड़े पैमाने पर कार्य चल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इस मेगा प्रोजेक्ट की लगातार समीक्षा कर रहे हैं, ताकि चार धाम यात्रियों को विश्वस्तरीय आध्यात्मिक अनुभव उपलब्ध कराया जा सके।
🔹 बद्रीनाथ मास्टर प्लान — 481 करोड़ की मेगा परियोजना
बद्रीनाथ धाम को स्मार्ट, स्वास्थ्यपूर्ण और आध्यात्मिक तीर्थस्थल के रूप में विकसित करने के लिए ₹481 करोड़ की लागत से मास्टर प्लान तैयार किया गया है। इस योजना में प्रमुख रूप से शामिल है—
मंदिर परिसर का पुनर्गठन
जाम और भीड़ प्रबंधन के प्रभावी समाधान
सड़क एवं पैदल मार्गों का विकास
सार्वजनिक उद्यान और प्लाज़ा का निर्माण
नदीफ्रंट का सौंदर्यीकरण
🔹 यात्रियों और स्थानीय लोगों के हित सबसे प्राथमिक
परियोजना में बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ पर्यावरणीय संतुलन और सुरक्षा को भी प्राथमिकता दी गई है। योजना में शामिल हैं—
बिजली, पानी एवं स्वच्छता के उन्नत सिस्टम
भूमि उपयोग नियमों का कड़ाई से पालन
भूकंपीय सुरक्षा मानक
स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और व्यवसाय के नए अवसर
सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक विरासत संरक्षण
🔹 पीएम मोदी की सीधी निगरानी, सरकार लगातार समीक्षा में
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं प्रोजेक्ट की प्रगति पर लगातार नजर रखे हुए हैं।
सरकार की ओर से—
मुख्य सचिव
गढ़वाल आयुक्त
नियमित रूप से स्थल निरीक्षण व समीक्षा कर रहे हैं, साथ ही स्थानीय लोगों की राय लेकर विकास कार्यों को और बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
🔹 बदलाव की ओर बढ़ता देवभूमि
परियोजना पूरी होने के बाद बद्रीनाथ धाम तीर्थ, पर्यटन और आध्यात्मिकता का अंतरराष्ट्रीय केंद्र बनेगा। इसके साथ ही केदारनाथ धाम में चल रहे पुनर्निर्माण कार्य भी अंतिम चरण में प्रवेश कर चुके हैं। दोनों धामों का आधुनिकीकरण उत्तराखंड की धार्मिक, पर्यटन और आर्थिक क्षमता को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की उम्मीद पैदा कर रहा है।







