उत्तराखंड चुनाव 2027: देहरादून में 2,045 पोलिंग बूथ तैयार, 65 पर बर्फबारी और 19 पर नेटवर्क की चुनौती

देहरादून न्यूज़- उत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। देहरादून जिले की 10 विधानसभा सीटों पर कुल 2,045 पोलिंग बूथ बनाए गए हैं। इनमें 766 बूथ ग्रामीण और 1,279 शहरी क्षेत्रों में स्थित हैं। चुनाव के दौरान बर्फबारी, नेटवर्क कनेक्टिविटी और सीमावर्ती क्षेत्रों से नकदी व शराब की तस्करी रोकना प्रशासन के सामने बड़ी चुनौतियां होंगी।
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने सोमवार को ऋषिपर्णा सभागार में नोडल और सहायक नोडल अधिकारियों के साथ बैठक कर निर्वाचन तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि चुनाव संबंधी कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से तैयारियां पूरी करने और आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा गया।
65 पोलिंग स्टेशनों पर बर्फबारी का खतरा, 19 पर नेटवर्क की समस्या
चुनाव तैयारियों में मौसम और संचार व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। जिले के 19 पोलिंग स्टेशन नेटवर्क शैडो एरिया में हैं। इनमें मसूरी क्षेत्र के सात और चकराता क्षेत्र के 12 पोलिंग स्टेशन शामिल हैं। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को इन केंद्रों पर नेटवर्क कनेक्टिविटी बेहतर करने के निर्देश दिए।
वहीं, फरवरी में जिले के 65 पोलिंग स्टेशनों पर बर्फबारी की आशंका को देखते हुए प्रशासन पहले से आकस्मिकता योजना तैयार करेगा, ताकि खराब मौसम के दौरान मतदान प्रक्रिया प्रभावित न हो और आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर सुनिश्चित की जा सकें।
पोलिंग बूथों पर बिजली, पानी और रैंप की व्यवस्था के निर्देश
जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को पोलिंग बूथों पर बिजली, पेयजल, रैंप और शेड जैसी मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही मतदेय स्थलों के नामों का सत्यापन करने को कहा गया।
जिन मतदान केंद्रों पर चार से पांच बूथ हैं, वहां मतदाताओं की सुविधा और भीड़ प्रबंधन के लिए प्रवेश और निकास के अलग-अलग रास्ते बनाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
सीमावर्ती क्षेत्रों में चेकपोस्ट, तस्करी रोकने के लिए बढ़ेगी निगरानी
देहरादून जिले की सीमाएं हिमाचल प्रदेश के सिरमौर और शिमला, उत्तर प्रदेश के सहारनपुर तथा उत्तराखंड के चार जिलों से लगती हैं। इन सीमावर्ती क्षेत्रों में चुनाव के दौरान अवैध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए चेकपोस्ट स्थापित किए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने फ्लाइंग स्क्वॉड टीम (एफएसटी) और वीडियो सर्विलांस टीम (वीएसटी) गठित करने तथा उनके प्रशिक्षण की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए। चुनाव के दौरान नकदी और शराब की तस्करी रोकने के लिए निगरानी व्यवस्था मजबूत की जाएगी।
जिले में 11.94 लाख मतदाता, बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए विशेष व्यवस्था
विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद देहरादून जिले में कुल 11,94,797 मतदाता दर्ज हैं। इनमें 6,17,041 पुरुष, 5,77,706 महिलाएं और 50 ट्रांसजेंडर मतदाता शामिल हैं।
जिले में 85 वर्ष से अधिक आयु के 7,845 मतदाता और 10,201 दिव्यांगजन हैं। प्रशासन ने इन मतदाताओं की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्थाएं करने पर जोर दिया है। बुजुर्ग मतदाताओं के लिए होम वोटिंग और दिव्यांग मतदाताओं के लिए व्हीलचेयर, स्वयंसेवक, डोली तथा पालकी जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना बनाई जाएगी।
कम मतदान वाले बूथों पर चलेगा जागरूकता अभियान
जिले में 50 प्रतिशत से कम मतदान वाले बूथों को चिह्नित कर व्यवस्थित मतदाता शिक्षा एवं निर्वाचन सहभागिता (स्वीप) कार्यक्रम के तहत जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। ऐसे मतदान केंद्रों की भी पहचान की जाएगी, जहां पुरुषों और महिलाओं का मतदान प्रतिशत कम रहा है।
इसके अलावा उच्च शिक्षण संस्थानों में 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवाओं का प्रारूप-6 के माध्यम से मतदाता सूची में पंजीकरण कराने और मतदाता पहचान पत्र बनवाने पर जोर दिया जाएगा।
पुलिस, पीआरडी जवानों, वाहन चालकों, सफाई कर्मियों और अन्य निर्वाचन कार्मिकों के मतदान की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी। वहीं, बुक्सा जनजाति के 40 गांवों में विशेष मतदाता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक लोग मतदान प्रक्रिया में भाग ले सकें।
निर्वाचन कार्मिकों का डेटाबेस और प्रशिक्षण जल्द होगा शुरू
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्वाचन संबंधी निविदाओं की प्रक्रिया जल्द पूरी करने, सेक्टर अधिकारियों की तैनाती करने और निर्वाचन कार्मिकों का डेटाबेस तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कार्मिकों का प्रशिक्षण समय पर शुरू करने और सभी तैयारियों को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने पर जोर दिया।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी केके मिश्रा, परियोजना निदेशक विक्रम सिंह, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार सहित विभिन्न उप जिलाधिकारी और नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।
कुल मिलाकर, विधानसभा चुनाव 2027 के लिए देहरादून प्रशासन ने बूथों की सुविधाओं से लेकर नेटवर्क, बर्फबारी, सीमावर्ती निगरानी और मतदाता जागरूकता तक की तैयारियों को प्राथमिकता दी है।









