उत्तराखंड के 500 नर्स और वार्ड ब्वाय को विदेश में मिलेगी नौकरी, धामी सरकार ने तैयार किया प्लान

देहरादून न्यूज़- उत्तराखंड के युवाओं के लिए विदेश में रोजगार पाने का अवसर मिलने जा रहा है। धामी सरकार वित्तीय वर्ष 2027-28 में प्रदेश के 500 प्रशिक्षित नर्स और वार्ड ब्वाय को विदेशों में रोजगार दिलाने की योजना पर काम करेगी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर चिकित्सा शिक्षा विभाग इस संबंध में कार्ययोजना तैयार करेगा। इसके तहत युवाओं को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रशिक्षण देकर विदेशी अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों में नौकरी के लिए तैयार किया जाएगा।
योजना के तहत पश्चिम एशिया, पश्चिमी यूरोप, एस्टोनिया और खाड़ी देशों में स्वास्थ्यकर्मियों की मांग का आकलन किया जाएगा। इसके साथ ही संबंधित देशों में नौकरी के लिए जरूरी शैक्षणिक योग्यता, भाषा दक्षता और अन्य पात्रता शर्तों की जानकारी जुटाई जाएगी। इसके आधार पर युवाओं को आवश्यक प्रशिक्षण और कौशल विकास के अवसर उपलब्ध कराने की तैयारी है।
नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ का बनेगा डाटा बैंक
मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में हुई उच्च अधिकार प्राप्त समिति की बैठक में नर्सिंग शिक्षा की गुणवत्ता और चिकित्सा क्षेत्र में मानव संसाधन की उपलब्धता को लेकर चर्चा की गई। बैठक में नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ का डाटा बैंक तैयार करने के निर्देश दिए गए।
इस डाटा बैंक में कर्मचारियों की संख्या, शैक्षणिक योग्यता, विशेषज्ञता और कौशल से संबंधित जानकारी जुटाई जाएगी। इससे अस्पतालों की जरूरत के अनुसार योग्य और प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार के लिए तैयार होंगे युवा
सरकार की इस पहल का उद्देश्य प्रदेश के प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों को विदेशों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। इसके लिए अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रशिक्षण, भाषा दक्षता और संबंधित देशों की पात्रता शर्तों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
वित्तीय वर्ष 2027-28 में 500 स्वास्थ्यकर्मियों को विदेशों में रोजगार दिलाने का लक्ष्य रखा गया है। चिकित्सा शिक्षा विभाग की ओर से तैयार की जाने वाली कार्ययोजना के आधार पर इस दिशा में आगे की प्रक्रिया तय की जाएगी।










