उत्तराखण्डकुमाऊं,

बेतरतीब कट बना मौत का कारण: गोरापड़ाव में सड़क हादसे में एक युवक की मौत, पत्नी व बच्चे गंभीर घायल

लालकुआं न्यूज़– हल्द्वानी से हल्दूचौड़ के बीच राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने बेतरतीब कट एक बार फिर जानलेवा साबित हुए। बुधवार को गोरापड़ाव बाजार के समीप एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में स्कूटी सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसकी पत्नी और दो मासूम बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त है और कट को तत्काल बंद करने की मांग उठने लगी है।

 

 

प्राप्त जानकारी के अनुसार, नवाड़खेड़ा बागजाला, गौलापार निवासी कन्नू सिंह बिष्ट (30) अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ स्कूटी द्वारा किच्छा स्थित अपने साले के घर हरेला पर्व मनाने जा रहे थे। जब वे गोरापड़ाव बाजार के पास स्थित हाईवे में बने एक अनियंत्रित कट पर पहुंचे, तभी सामने से आ रहे भारत पेट्रोलियम के तेज रफ्तार वाहन ने उनकी स्कूटी को जबरदस्त टक्कर मार दी। इस भीषण टक्कर में कन्नू सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसकी पत्नी और दोनों बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए।

यह भी पढ़ें 👉  देहरादून- मौसम विभाग ने प्रदेश के इन 6 जिलों में आज भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट किया जारी

 

 

स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत डॉ. सुशीला तिवारी अस्पताल, हल्द्वानी में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी- यहाँ किरायदारों का सत्यापन नही करने पर आठ मकान मालिकों का पुलिस ने किया चालान

 

 

घटना के बाद क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता हादसे के लिए हाईवे पर बने अनियंत्रित व अव्यवस्थित कट को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं।

 

 

वरिष्ठ समाजसेवी गोपाल सिंह अधिकारी ने प्रशासन से मांग की है कि गोरापड़ाव में बना यह खतरनाक कट तुरंत बंद किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो ग्रामीण उग्र आंदोलन करेंगे।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड- (बड़ी खबर) जल्द ही प्रदेश के 189 अटल उत्कृष्ट विद्यालयों की सीबीएसई से संबद्धता हो सकती है समाप्त, शिक्षा सचिव ने शिक्षा निदेशालय से मांगा प्रस्ताव

 

 

वहीं, प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल मोटाहल्दु के अध्यक्ष संदीप पांडे ने भी चेतावनी देते हुए कहा कि तीनपानी से हल्दूचौड़ के बीच बनाए गए बेतरतीब कटों को बंद नहीं किया गया तो व्यापारी और स्थानीय जनता संयुक्त रूप से आंदोलन शुरू करेंगे।

 

 

 

क्षेत्रवासी प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग कर रहे हैं ताकि ऐसे हादसे दोबारा न हों और लोगों की जानें सुरक्षित रहें।