उत्तराखण्डकुमाऊं,

ब्रेकिंग न्यूज़: टैक्सी चालकों का सीरियल किलर दिल्ली से गिरफ्तार, 25 साल बाद पुलिस के हत्थे चढ़ा मास्टरमाइंड

हल्द्वानी/दिल्ली- उत्तराखंड और दिल्ली पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में टैक्सी चालकों की हत्या कर शव खाई में फेंकने वाले शातिर अपराधी अजय लांबा को गिरफ्तार कर लिया गया है। करीब 25 वर्षों से फरार चल रहा अजय, राजधानी दिल्ली के इंडिया गेट के पास उस वक्त गिरफ्तार हुआ जब वह अदालती कार्यवाही में शामिल होने जा रहा था।

 

 

▶ कैसे करता था वारदात?

आरोपी अजय टैक्सी किराए पर लेता, रास्ते में चालक को लूटपाट के बाद गला घोंटकर हत्या कर देता और शव को पहाड़ों से नीचे फेंक देता था ताकि पहचान न हो सके। लूटी गई टैक्सी को नेपाल में बेचा जाता था।

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▶ गिरोह के दो सदस्य पहले ही आजीवन कारावास की सजा काट रहे

इस हत्यारे गिरोह के दो अन्य सदस्य पहले ही जेल में हैं, जबकि एक आरोपी अब भी फरार है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि कुल कितने ड्राइवर उसकी क्रूरता का शिकार बने।

 

 

▶ 1999 से 2001 तक हत्याओं की लंबी फेहरिस्त

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अजय ने अपने नाम और पहचान बदलकर दिल्ली, हल्द्वानी, अल्मोड़ा, चंपावत व लोहाघाट में कई टैक्सी चालकों की हत्याएं कीं। दिल्ली के विकास पुरी थाने ने इसे पहले ही ‘भगोड़ा’ घोषित किया था।

 

 

▶ नया नाम, नया ठिकाना… लेकिन अपराध पुराना

1996 में नाम बदलकर अजय लांबा बन चुका यह अपराधी बरेली चला गया और वहां अपने साथियों के साथ खौफनाक सिलसिला जारी रखा। उस पर दिल्ली और उत्तराखंड में चार मुकदमे दर्ज हैं।

 

 

▶ पुलिस ने बताया – “क्राइम ब्रांच की कड़ी निगरानी से मिली सफलता”

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डीसीपी क्राइम ब्रांच आदित्य गौतम के अनुसार, वर्तमान में जेल में सजा काट रहे आरोपियों से पूछताछ में ही मास्टरमाइंड अजय का नाम सामने आया। इसके बाद इंस्पेक्टर राकेश कुमार और अनुज कुमार की टीम ने जाल बिछाकर उसे दिल्ली से धर दबोचा।

 

यह खबर उत्तराखंड और दिल्ली में टैक्सी यूनियन समेत आम नागरिकों के लिए राहत की सांस है। पुलिस अब गिरोह के बाकी सदस्यों की तलाश में जुट गई है।