उत्तराखण्डकुमाऊं,

वनाधिकार अधिनियम के तहत बिंदुखत्ता को सामूहिक राजस्व गांव घोषित करने की मांग तेज, 19 दिसंबर को तहसील में ‘चाय पर चर्चा’

लालकुआं न्यूज़– वनाधिकार अधिनियम (एफआरए) 2006 के अंतर्गत बिंदुखत्ता को सामूहिक राजस्व गांव घोषित किए जाने के दावे की अधिसूचना जारी कराने की मांग लगातार जोर पकड़ती जा रही है। इसी क्रम में वन अधिकार समिति की ओर से बिंदुखत्तावासियों को एकजुट करने के लिए लगातार बैठकें आयोजित की जा रही हैं। समिति ने 19 दिसंबर 2025 को तहसील परिसर में एक दिवसीय ‘चाय पर चर्चा’ कार्यक्रम आयोजित कर प्रशासन को ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया है।

 

 

पूर्वी राजीव नगर में आयोजित ‘चाय पर चर्चा’ कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि शासन-प्रशासन वनाधिकार अधिनियम के स्पष्ट प्रावधानों का उल्लंघन कर रहा है और मामले को अनावश्यक रूप से जटिल बनाया जा रहा है। वक्ताओं ने कहा कि एफआरए एक सरल और स्पष्ट कानून है, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन नई-नई प्रक्रियाएं थोपकर बिंदुखत्ता के सामूहिक दावे को लटकाए हुए है, जिससे मामला सर्वोच्च न्यायालय तक भी जा सकता है।

यह भी पढ़ें 👉  जनपद स्तरीय फुटबॉल प्रतियोगिता संपन्न, भीमताल ब्लॉक ओवरऑल चैंपियन

 

 

कार्यक्रम में लालकुआं विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए उनके उस बयान पर कड़ी आपत्ति दर्ज की गई, जिसमें उन्होंने गोठ-खत्तों के लिए नई पॉलिसी बनाने की बात कही थी। वक्ताओं का कहना था कि जब वनाधिकार अधिनियम पहले से लागू है, तो नई नीति की बात करना कानून की भावना के खिलाफ है।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड- यहाँ अनियंत्रित होकर खाई में गिरी कार, इलाज के दौरान कार चालक की हुई मौत

 

 

वन अधिकार समिति के अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी ने कहा कि सरकार तक बिंदुखत्ता के लोगों की आवाज पहुंचाने और अधिसूचना जारी कराने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। समिति के सचिव भुवन चंद भट्ट ने उत्तराखंड सरकार पर जनजातीय मंत्रालय के तहत बने कानून को लागू न करने का आरोप लगाया। वहीं समिति के संरक्षक बसंत पांडे ने बताया कि वर्ष 2026 में बिंदुखत्ता में राष्ट्रीय स्तर की एफआरए कार्यशाला आयोजित की जाएगी, जिसके बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी।

 

 

वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते सामूहिक राजस्व गांव के दावे की अधिसूचना जारी नहीं की गई तो बिंदुखत्तावासी सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे और न्यायालय की शरण भी लेंगे। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए समिति के सदस्य घर-घर जाकर लोगों को आमंत्रित कर रहे हैं।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी-(बड़ी खबर) ईद त्यौहार के दिन बाईकर्स की पहाड़ में रहेगी नो इंट्री

 

 

बैठक में मुख्य रूप से अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी, भुवन भट्ट, बसंत पांडे, श्याम सिंह रावत, नंदन बोरा, प्रताप कोश्यारी, हरेंद्र बिष्ट, संध्या डालाकोटी, दीपक जोशी, रमेश गोस्वामी, भुवन चंद शर्मा, हरीश चंद्र, गोपाल बोरा, दरबान नेगी, प्रताप सिंह बिष्ट, नैन सिंह, हयात सिंह, तारा दत्त, मोहनी मेहता, नरेंद्र सिंह, लोकपाल कोरंगा, माधव सिंह दानू, कुंदन रावत तथा राधेश्याम सहित अनेक लोग मौजूद रहे।