बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा देने की मांग तेज, धूप में भी सैकड़ों ग्रामीणों ने निकाली पदयात्रा

बिंदुखत्ता न्यूज़- बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा देने की मांग को लेकर ग्रामीणों का जनजागरण अभियान लगातार जारी है। बुधवार को तेज धूप के बावजूद सैकड़ों ग्रामीणों ने पदयात्रा निकालकर लोगों को आंदोलन से जुड़ने और मांग के समर्थन में आवाज बुलंद करने की अपील की।
पदयात्रा की शुरुआत इंदिरा नगर-2 स्थित मां हाटकालिका मंदिर से हुई। यहां से ग्रामीण पदयात्रा के रूप में इंदिरानगर गब्दा स्थित मंदिर पहुंचे, जहां अभियान का समापन किया गया। इस दौरान पदयात्रा में शामिल लोगों ने घर-घर जाकर ग्रामीणों को बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा दिलाने की मांग और आंदोलन के उद्देश्यों की जानकारी दी।
अभियान में वन अधिकार संगठन, पूर्व सैनिक संगठन, राज्य आंदोलनकारी, विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों से जुड़े लोगों के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों ने भाग लिया। पदयात्रा के दौरान ग्रामीणों से आंदोलन को मजबूत करने और अधिक से अधिक लोगों को इससे जोड़ने की अपील की गई।
आयोजकों का कहना है कि बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा मिलने से क्षेत्र के विकास, पंचायत व्यवस्था और मूलभूत नागरिक सुविधाओं को मजबूती मिलेगी। जनजागरण पदयात्रा का उद्देश्य बिंदुखत्ता के प्रत्येक घर तक पहुंचकर लोगों को आंदोलन से जोड़ना और राजस्व ग्राम की मांग के पक्ष में जनमत तैयार करना है।
आयोजकों ने बताया कि जनजागरण पदयात्रा आगे भी बिंदुखत्ता के अलग-अलग क्षेत्रों में जारी रहेगी। मौसम की चुनौती के बावजूद अभियान को लगातार आगे बढ़ाने की बात कही गई है।
27 सितंबर को बड़ी जनसभा और रैली
आंदोलन के तहत आगामी 27 सितंबर को शहीद स्मारक स्थल पर बड़ी जनसभा और रैली आयोजित करने की घोषणा की गई है। आयोजकों ने अधिक से अधिक लोगों से इसमें शामिल होने की अपील की है। उनका कहना है कि व्यापक जनसमर्थन के जरिए बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम का दर्जा देने की मांग को और मजबूती से उठाया जाएगा।
पदयात्रा में वन अधिकार संगठन के अध्यक्ष उमेश चंद्र भट्ट, पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष खिलाफ सिंह दानू, वन अधिकार समिति के अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी, पदयात्रा संयोजक दीपक जोशी समेत बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।








