नैनीताल पुलिस की 2026 की सबसे बड़ी कार्यवाही: 1.85 करोड़ की स्मैक के साथ दो तस्कर गिरफ्तार

हल्द्वानी न्यूज़- मुख्यमंत्री के “मिशन ड्रग फ्री देवभूमि” अभियान के तहत नैनीताल पुलिस ने नशे के कारोबार पर बड़ी चोट करते हुए वर्ष 2026 की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने करीब 1.85 करोड़ रुपये कीमत की 618 ग्राम स्मैक बरामद करते हुए दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देशन में चलाए जा रहे नशा विरोधी अभियान के तहत एसपी सिटी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल एवं सीओ हल्द्वानी अमित कुमार के पर्यवेक्षण में कोतवाली काठगोदाम पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने यह बड़ी सफलता हासिल की।
पुलिस के अनुसार 4 जून 2026 को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर काठगोदाम क्षेत्र के पश्चिमी खेड़ा स्थित इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप के पास निर्माणाधीन भवन के निकट चेकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान दो संदिग्ध व्यक्तियों को रोककर तलाशी ली गई, जिनके कब्जे से 618 ग्राम स्मैक (डाईएसिटाइल मॉर्फिन), एक इलेक्ट्रॉनिक तराजू और एक हुंडई औरा कार बरामद हुई।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गजब सिंह (27 वर्ष) और सीताराम (37 वर्ष) निवासी भरतपुर, राजस्थान के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कोतवाली काठगोदाम में एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे राजस्थान से स्मैक लेकर हल्द्वानी पहुंचे थे। काठगोदाम रेलवे स्टेशन क्षेत्र में इसकी डिलीवरी देने के बाद उनका मुक्तेश्वर जाने का कार्यक्रम था। आरोपियों में सीताराम ने बताया कि गजब सिंह उसका सगा भाई है और वह स्वयं टैक्सी चालक का कार्य करता है।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी गजब सिंह के खिलाफ राजस्थान में आबकारी अधिनियम और एनडीपीएस एक्ट के तहत कई मुकदमे पहले से दर्ज हैं। वहीं दूसरे आरोपी सीताराम के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है।
इस बड़ी सफलता पर एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम को 2,500 रुपये के नकद पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की है।
2026 में नशे के खिलाफ पुलिस का अभियान जारी
नैनीताल पुलिस के अनुसार वर्ष 2026 में अब तक स्मैक तस्करी के 31 मामलों में 35 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इस दौरान 2.18 किलोग्राम से अधिक स्मैक बरामद हुई है, जिसकी अनुमानित कीमत 6.54 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है। इसके अलावा चरस, गांजा, डोडा और नशीले इंजेक्शनों के खिलाफ भी लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद को नशामुक्त बनाने के लिए भविष्य में भी ऐसे अभियान और अधिक सख्ती के साथ जारी रहेंगे।







