उत्तराखण्डगढ़वाल,

हरिद्वार में कृषि अधिकारी 10 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार, सब्सिडी की फाइल आगे बढ़ाने के नाम पर मांगी थी रकम

हरिद्वार न्यूज़- खानपुर विकासखंड में सतर्कता अधिष्ठान की टीम ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए सहायक कृषि अधिकारी हरिओम यादव को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी अधिकारी पर कृषि यंत्र खरीद के लिए मिलने वाली सब्सिडी की फाइल आगे बढ़ाने के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप है।

 

 

जानकारी के मुताबिक, शिकायतकर्ता के भाई ने कृषि यंत्र खरीदने के लिए सब्सिडी का आवेदन किया था। आरोप है कि आवेदन से संबंधित फाइल को आगे बढ़ाने के लिए खानपुर विकासखंड में तैनात सहायक कृषि अधिकारी हरिओम यादव ने 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। इसके बाद शिकायतकर्ता ने मामले की शिकायत सतर्कता अधिष्ठान से की।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड- कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने हल्द्वानी में आयोजित होने वाली श्रीअन्न महोत्सव की तैयारियो को लेकर अधिकारियों के साथ की बैठक

 

 

शिकायत मिलने पर सतर्कता अधिष्ठान की टीम ने पहले आरोपों का सत्यापन कराया। सत्यापन में रिश्वत मांगने की शिकायत सही पाए जाने के बाद टीम ने आरोपी अधिकारी को पकड़ने के लिए ट्रैप की योजना बनाई।

 

 

मंगलवार को सतर्कता टीम ने जाल बिछाया और जैसे ही सहायक कृषि अधिकारी ने शिकायतकर्ता से 10 हजार रुपये की रिश्वत ली, टीम ने उसे मौके पर रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी में गोवंश अवशेष मिलने से बरेली रोड पर 4 घंटे तनाव, पत्थरबाज़ी — CCTV में कुत्ता अवशेष लाता दिखा, बड़ी घटना टली

 

 

गिरफ्तार आरोपी हरिओम यादव स्वर्गीय लाल सिंह के पुत्र हैं। वह प्रतापनगर, नजीबाबाद रोड, कोटद्वार, पौड़ी गढ़वाल के निवासी बताए गए हैं और वर्तमान में खानपुर विकासखंड में सहायक कृषि अधिकारी के पद पर तैनात थे।

 

 

गिरफ्तारी के बाद सतर्कता अधिष्ठान की टीम आरोपी से पूछताछ करने के साथ मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य पहलुओं की जांच में जुटी है। आरोपी के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

यह भी पढ़ें 👉  देहरादून- सरकारी स्कूलों में 10वीं में अब 05 नहीं 10 विषय होंगे अनिवार्य, एससीईआरटी ने तैयार किया ड्राफ्ट

 

 

सब्सिडी की फाइल आगे बढ़ाने के नाम पर मांगी रिश्वत

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता के भाई ने कृषि यंत्र खरीदने के लिए सब्सिडी का आवेदन किया था। इसी आवेदन की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के एवज में 10 हजार रुपये की मांग किए जाने का आरोप है। सत्यापन के बाद हुई ट्रैप कार्रवाई में आरोपी अधिकारी की गिरफ्तारी हुई।