हल्द्वानी में लावारिस पशु बना काल: शादी से पहले ही बुझ गई श्रेया की जिंदगी, सड़क हादसे में दर्दनाक मौत

हल्द्वानी से बड़ी खबर- हल्द्वानी में एक दर्दनाक सड़क हादसे ने हंसते-खेलते परिवार की खुशियों को पलभर में मातम में बदल दिया। 24 वर्षीय श्रेया जोशी की असमय मौत ने न सिर्फ उनके परिवार, बल्कि पूरे क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हिम्मतपुर तल्ला, कमलुवागांजा (मुखानी) निवासी श्रेया जोशी बीते दो वर्षों से रुद्रपुर सिडकुल में नौकरी कर रही थीं और रोजाना की तरह शुक्रवार देर शाम स्कूटी से अपने घर लौट रही थीं। जैसे ही वह रामपुर रोड स्थित बेलबाबा के पास टांडा जंगल क्षेत्र में पहुंचीं, अचानक सड़क पर खड़े एक लावारिस पशु से उनकी स्कूटी टकरा गई।
टक्कर इतनी भीषण थी कि श्रेया सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गईं। उनके सिर और पेट में गहरी चोटें आईं। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत मदद की कोशिश की। इसी दौरान दिल्ली से हल्द्वानी आ रहे एक राहगीर ने डायल 112 पर सूचना दी और मानवता दिखाते हुए अपनी गाड़ी से घायल श्रेया को तुरंत डॉ. सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचाया।
लेकिन दुर्भाग्यवश, डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में हादसे की वजह साफ हो गई है। स्कूटी के अगले हिस्से में गाय के बाल फंसे मिले, जिससे यह पुष्टि हुई कि हादसा लावारिस पशु से टकराने के कारण हुआ।
श्रेया अपने परिवार की बड़ी उम्मीद थीं। तीन बहनों में दूसरे नंबर पर और एक भाई की बहन श्रेया के सपनों ने अभी उड़ान भरनी शुरू ही की थी, लेकिन इस हादसे ने सब कुछ छीन लिया।
परिवार के लिए यह सदमा और भी गहरा इसलिए है क्योंकि घर में इन दिनों शादी की तैयारियों की चर्चा चल रही थी। परिजनों के मुताबिक, श्रेया के लिए रिश्ता तय करने की प्रक्रिया चल रही थी और 6 मई को लड़के वाले उसे देखने आने वाले थे। जिस घर में शहनाई बजने वाली थी, वहां अब मातम पसरा हुआ है।
मां-बाप का रो-रोकर बुरा हाल है। बहनों की आंखों से आंसू थम नहीं रहे, जबकि भाई बार-बार यही कह रहा है—
“दीदी को बस घर पहुंचना था…”
यह हादसा केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि सड़कों पर घूम रहे लावारिस पशुओं की गंभीर समस्या को भी उजागर करता है, जो हर दिन किसी न किसी के लिए जानलेवा साबित हो रही है।
👉 सवाल वही है—आखिर कब थमेगा यह मौत का सिलसिला?








