उत्तराखंड में मौसम का डबल अटैक: 5 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, केदारनाथ समेत ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार

देहरादून न्यूज़– उत्तराखंड में मौसम एक बार फिर करवट ले चुका है। मौसम विभाग ने राज्य के सभी जिलों में बारिश, तेज हवाओं और गर्जन को लेकर चेतावनी जारी की है। खासतौर पर पर्वतीय क्षेत्रों में भारी बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई गई है। विभाग के अनुसार प्रदेश में 10 मई तक मौसम का मिजाज बिगड़ा रह सकता है।
मौसम विभाग ने उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में कहीं-कहीं तेज बारिश, गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और ओलावृष्टि होने की संभावना है। साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं।
विभाग के मुताबिक, पर्वतीय क्षेत्रों में 3800 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की से मध्यम बर्फबारी हो सकती है। वहीं मैदानी जिलों में भी कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और गर्जन के साथ बौछारें पड़ने के आसार हैं।
इधर, सोमवार को भी प्रदेशभर में मौसम खराब बना रहा। केदारनाथ धाम में दोपहर बाद हल्की बर्फबारी हुई, जबकि केदारघाटी में दिनभर कोहरा और बारिश का दौर जारी रहा। नैनीताल, बागेश्वर और अल्मोड़ा में तेज बौछारों से ठंड बढ़ गई। देहरादून और टिहरी में भी घने बादलों और रुक-रुककर बारिश के चलते मौसम सुहावना लेकिन ठंडा बना रहा। वहीं गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में देर रात बर्फबारी दर्ज की गई।
अगले तीन दिन का मौसम अपडेट
6 मई
पर्वतीय जिलों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और गर्जन के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। 4000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना है। मैदानी इलाकों में भी कहीं-कहीं हल्की बारिश और गरज-चमक देखने को मिल सकती है।
7 मई
राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहने का अनुमान है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो सकती है। मैदानी क्षेत्रों में भी गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है।
8 मई
मौसम विभाग के अनुसार 8 मई को भी पर्वतीय जिलों में बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार हैं। मैदानी क्षेत्रों में हल्की बारिश और गर्जन की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने, ऊंचाई वाले इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचने और बिजली चमकने के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।








